कलेक्टर शिवम वर्मा ने कर दिखाया राहुल गांधी ने जगाया,तो जागे कांग्रेसी भागीरथपुरा दूषित जल त्रासदी पर अलग हट कर,संघर्ष से सिद्धि की विशेष पेशकश संजय जैन-सह संपादक की कलम से
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कर दिखाया राहुल गांधी ने जगाया,तो जागे कांग्रेसी भागीरथपुरा दूषित जल त्रासदी पर अलग हट कर,संघर्ष से सिद्धि की विशेष पेशकश संजय जैन-सह संपादक की कलम से
भागीरथपूरा मामले में हाई कोर्ट ने 15 जनवरी को चीफ सेक्रेटरी को किया तलब
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कर दिखाया - राहुल गांधी ने जगाया,तो जागे कांग्रेसी
बहुत याराना लगता है
झाबुआ/इंदौर। संजय जैन-सह संपादक। कांग्रेस और भाजपा के आम कार्यकर्ता मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और दिग्विजय सिंह में दांत काटी रोटी जैसी दोस्ती के जो दावे करते रहे हैं,भागीरथपुरा कांड ने उस पर एक तरह से तो ठप्पा ही लगा दिया है। क्षेत्र क्रमांक चार की विधायक मालिनी गौड़ के पुत्र-कट्टरवादी हिंदू नेता एकलव्य गौड़ ने जब कपड़ा मार्केट के व्यापारियों की बैठक में लव जिहादी मानसिकता वाले सेल्समेन को अपनी दुकानों से हटाने का फरमान जारी किया था,तब कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह सारे काम छोड़ कर क्षेत्र क्रमांक चार में जनसंपर्क करने दौड़े चले आए थे। गौरतलब है कि नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष चिंटू चौकसे ने जिस तरह उनके खिलाफ आग उगली थी,तो उन्हें अपना निर्णय बदलने पर बाध्य होना भी पड़ा था। अभी जब भागीरथपुरा कांड में 16 लोगों की मौत का मामला हुआ है तो दिग्विजय सिंह को इंदौर की याद शायद इसीलिये नहीं आई कि यह त्रासदी उनके कलाकार मित्र विजयवर्गीय के क्षेत्र में जो हुई है। बयान जारी भी किया तो वो भी इस तरह कि कलाकार मित्र को शब्द बाण घायल ना कर दे। दिग्विजय सिंह के इस दोहरे रवैये पर आरएसएस के एक मित्र की यह टिप्पणी सही लगती है कि 16 मृतकों में यदि एक भी अल्प संख्यक होता तो,दिग्विजय सिंह सारे काम छोड़ कर दौड़े चले आ जाते।
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कर दिखाया
हर मंगलवार होने वाली जनसुनवाई में आने वाले पीड़ितों का दिल जीतने और शासन के प्रति आमजन का विश्वास मजबूत करने वाले कलेक्टर शिवम वर्मा ने अब भागीरथपुरा में भी पानी पीने से डर रहे रहवासियों के दिलों में जगह बना ही ली है। जिला प्रशासन ने यहां टैंकरों से शुद्ध पेयजल वितरण का इंतजाम किया है। टैंकर आए तो जरूर लेकिन रहवासी इसका पानी पीने में संकोच कर रहे थे। बाकी जनप्रतिनिधि तो मौखिक रूप से ही समझा रहे थे। कलेक्टर ने खुद चुल्लू में टैंकर से पानी लिया और पी कर लोगों को विश्वास दिलाया कि पानी शुद्ध है,खराब नहीं है। जब क्षेत्र में करीब पांच टैंकरों से उन्होंने इसी तरह से पानी पीकर लोगों को दिखाया,तब कही जाकर वार्ड के लोगों को उनकी बात पर भरोसा हो गया।
सांसद शंकर लालवानी की मौन साधना
शहर को कलंकित करने वाले कांड में सांसद शंकर लालवानी की मौन साधना का लोग भी कारण खोज रहे हैं। कांड से कुछ दिन पहले ही सांसद ने क्षेत्र क्रमांक एक में मंत्री पुत्र आकाश विजयवर्गीय के साथ सांसद निधि से 32 बोर की मंजूरी वाले कार्यक्रम का मशीन पूजन किया था। भागीरथपुरा कांड सामने आने के बाद सांसद का सन्नाटा समझ से परे हैं। उनके समर्थक तो इसलिये खुश हैं कि अगले लोकसभा चुनाव में संभावित प्रत्याशी के रूप में महापौर पुष्यमित्र भार्गव जिस फिल्डिंग में लगे थे,उस पर तो गंदा पानी जो गिर गया। उल्लेखनीय है कि इस कांड में दो नंबर के विधायक रमेश मेंदोला की चुप्पी को भी लोग समझ नहीं पा रहे हैं।
पार्षद की सराहनीय स्वीकारोक्ति
भागीरथपुरा कांड में एक मामले में तो क्षेत्रीय पार्षद कमल वाघेला की सराहना करनी पड़ेगी,कम से कम उन्होंने ऑन स्क्रीन 15 मौतों की बात को तो स्वीकारा। वही दूसरी ओर कलेक्टर तो मेडिकल जांच रिपोर्ट के आधार पर 6 मौत ही बताते रहे। महापौर कहते रहे कि 7 मृत हैं,क्षेत्रीय विधायक- मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने माना कि जहरीले पानी से 8 लोगों की मौत हुई है। इससे तो यह साफ प्रतीत होता है किसी को भी वास्तविक मौतों का आंकड़ा ही मालूम नही है।
आप को दिखे क्या?
भागीरथपुरा कांड में मंत्री विजयवर्गीय के सतत 48 घंटे जागने,स्पॉट पर डटे रहने की सराहना तो उनके विरोधी भी कर रहे हैं। इस मानवीय त्रासदी में आरएसएस की जमीनी दौड़भाग नजर नहीं आने के कारण को कांग्रेस नेता तलाशने में लगे हुए हैं। भागीरथपुरा बस्ती में जिससे जो हो सकता था,वैसी सभी ने मदद भी की,इस कार्य हेतु यह जरूरी नहीं था कि गणवेश पहन कर ही मदद कर सकते थे। कांग्रेस नेता तो मौका ही तलाश रहे थे कि क्षेत्रीय विधायक को अपने हाल पर छोड़ दिया,एमजीएम के हॉल में हुई मीटिंग में भी अन्य विधायकों ने खुलकर साथ भी नहीं दिया था।
राहुल गांधी ने जगाया,तो जागे कांग्रेसी
भागीरथपुरा कांड में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मैदान पकड़ा जरूर,लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं को ही उन पर भरोसा नहीं था। राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे,नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने जब दिल्ली से चिंता व्यक्त की तो सरकार हरकत में तो आई,तब स्थानीय कांग्रेस नेताओं को भी लगा कि हमें भी कुछ तो करना चाहिए। उल्लेखनीय है कि अब जब राहुल गांधी का इंदौर आगमन तय है तो कांग्रेस के लिये ये जहरीला पानी संजीवनी का काम अवश्य करेगा।
भागीरथपूरा मामले में हाई कोर्ट ने 15 जनवरी को चीफ सेक्रेटरी को किया तलब
इंदौर शहर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से कई लोगों की मौत एवम सैंकड़ों लोगों के बीमार होने के मामले में दायर जनहित याचिकाओं पर हुई सुनवाई के दोरान हाई कोर्ट ने 15 जनवरी को प्रदेश के चीफ सेक्रेट्री अनुराग जैन को तलब किया है। ये जनहित याचिका एडवोकेट रितेश इनानी,पूर्व पार्षद महेश गर्ग एवं प्रमोद द्विवेदी ने एडवोकेट मनीष यादव के माध्यम से दायर की थी। गत 2 जनवरी को हुई सुनवाई के दौरान सरकार ने मामले में स्टेटस रिपोर्ट पेश की थी। इसमें मात्र 4 लोगो की ही इस मामले में मृत्यु होना बताया था, जबकि उस दिन मौत के आंकड़े अधिक थे। अब यह संख्या और बढ़ चुकी है। जस्टिस विजय कुमार शुक्ला एवं जस्टिस आलोक अवस्थी की नियमित डिवीजन बेंच में पहली बार मामले की सुनवाई हुई। एडवोकेट इनानी ने बताया कि इसमें कोर्ट ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से 15 जनवरी को मुख्य सचिव अनुराग जैन को उपस्थित रहने के निर्देश दिए है।

