शिवराज के प्रिय रहे सूर्यवंशी, सिलावट की बस सुन लेते हैं, लोकायुक्त संगठन ने कर दी दिवाली काली, पिथोड़े अब सीएक्यूएम में मेंबर सेकेट्री,कोल्ड्रिफ  कफ सीरप-ढाई रुपये का लालच, बोलती बंद कर दी सनातन विरोधी बताने वालो की

शिवराज के प्रिय रहे सूर्यवंशी
 

झाबुआ/इंदौर। संजय जैन-सह संपादक।  पूर्व सीएम शिवराज सिंह तो अब केंद्र में मंत्री हैं लेकिन चौहान परिवार के प्रिय दिलीप सूर्यवंशी ने दो साल पहले तब चर्चा में आए थे,जब उन्होंने भाजपा को कुल 29 करोड़ रुपये का चंदा दिया था। भाजपा को चंदा देने वाले देश के शीर्ष दस औद्योगिक घरानों में तब दिलीप बिल्डकॉन समूह प्रमुख रूप से चर्चा में रहा था। अभी जब इस समूह पर छापे लगे तो भाजपा के कई नेताओं को भरोसा तो नहीं हुआ,लेकिन जिस तरह से भाजपा के संभावित राष्ट्रीय अध्यक्ष वाली सूची में शिवराज सिंह का नाम भी चल रहा है,तो भाजपा नेताओं में चर्चा रही कि दिल्ली वाले अच्छी तरह जानते हैं कि कब किसकी नाक दबाना है?

सिलावट की बस सुन लेते हैं

जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट की तारीफ  करना होगी कि अर्जुन बड़ोदा बायपास पर जब भी वाहन दुर्घटना में किसी की मौत होती है,वो तत्काल मौके का अवलोकन करने और फ्लाय ओवर निर्माण कार्य में गति लाने के लिए एनएचएआई अधिकारियों को फटकार लगाने पहुंच जाते हैं। बात तो यह भी गौर करने लायक है कि मंत्री सिलावट की फटकार के आदी हो चुके अधिकारी, यस सर-यस सर करते हुए गर्दन तो हिलाते हैं,लेकिन इस कान से सुनकर उस कान से निकाल देते हैं।

लोकायुक्त संगठन ने कर दी  दिवाली काली

मप्र में जिस धड़ाधड़ तरीके से बेनामी संपत्ति वाले अधिकारियों पर कार्रवाई हो रही है,उससे इस संगठन की सक्रियता के साथ यह आश्चर्य भी व्यक्त किया जा रहा है कि सालों से करोड़ों की अवैध संपत्ति बनाने वालों के खिलाफ  सरकार को इनकी कारगुजारी सेवानिवृत्त होने के बाद ही क्यो नजर आई....? इन पूर्व अधिकारियों में अधिकांश उस आबकारी विभाग से हैं,जो शराबबंदी वाले गुजरात राज्य से जुड़ी मप्र की सीमाओं वाले जिलों में पदस्थ होने की जुगाड़ में माहिर रहे हैं।

पिथोड़े अब सीएक्यूएम में मेंबर सेक्रेटरी

केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ एमपी कैडर के आईएएस अधिकारी तरुण पिथोड़े को केंद्र में नई जिम्मेदारी मिली है। उन्हें पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के अंतर्गत वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग-सीएक्यूएम में मेंबर सेक्रेट्री बनाया गया है। पिथोड़े अभी मिनिस्ट्री ऑफ  एनवायर्नमेंट फॉरेस्ट एंड क्लाइमेट चेंज में जॉइंट सेक्रेटरी हैं। 2009 बैच के आईएएस अधिकारी तरुण पिथोड़े अगले पांच साल तक इस जिम्मेदारी को निभाएंगे। मप्र में रहने के दौरान  पिथोड़े राजगढ़ सीहोर,बैतूल और भोपाल के कलेक्टर के रूप में भी जिम्मेदारी का निर्वहन कर चुके हैं।

कोल्ड्रिफ  कफ  सीरप-ढाई रुपये का लालच

डॉ.प्रवीण सोनी की गिरफ्तारी के विरोध में पूरे प्रदेश के डॉक्टरों ने काली पट्टी बांध कर विरोध दर्ज कराया था। अब ये सभी डॉक्टर्स संगठन भी सोच रहे होंगे कि मात्र ढाई रु कमीशन के लालच में डॉ.सोनी कोल्ड्रिफ  कफ  सिरप लिखते रहे,जो 23 नवजातों की मौत का कारण बनता रहा। चेन्नई की श्री सन फार्मास्युटिकल के डायरेक्टर की कंपनी द्वारा बनाई जाने वाले इस कफ सीरप की एक बोतल की कीमत 24.54 रु. थी। इस पर ढाई रु. कमीशन डॉ.सोनी को मिलता था।

बोलती बंद कर दी सनातन विरोधी बताने वालो की

ग्वालियर हाईकोर्ट में डॉ.आंबेडकर की प्रतिमा स्थापना को लेकर 14 अक्टूबर को विवाद हुआ तो एक वकील अनिल मिश्रा ने अंबेडकर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अनिल मिश्रा अपने समर्थकों के साथ सुंदरकांड का पाठ करने के लिए जा रहे थे। हिना खान ने इन लोगों को जब रोकने की कोशिश की,तो कुछ लोगों ने डीएसपी को सनातन विरोधी बताते हुए,जय श्री राम के नारे लगाने शुरू कर दिए। माहोल बिगड़े इससे पहले ही हिना खान ने और भी ऊंची आवाज में जय श्री राम के नारे लगाने शुरु कर दिए,तब उन्हें सनातन विरोधी बताने वाले हक्के-बक्के रह गए।