नक्सल उन्मूलन अभियान को बड़ी सफलता, 5 इनामी नक्सली समेत 9 ने किया आत्मसमर्पण
रांची। झारखंड में नक्सल उन्मूलन अभियान को बड़ी सफलता मिली है। सोमवार को नौ नक्सलियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। इनमें पांच इनामी नक्सली भी शामिल हैं, जिन पर कुल 23 लाख रुपये का इनाम घोषित था। आत्मसमर्पण के दौरान नक्सलियों ने भारी मात्रा में हथियार और कारतूस भी पुलिस को सौंपे।
जोनल कमांडर रविंद्र यादव ने डाले हथियार
सबसे बड़ा नाम जोनल कमांडर रविंद्र यादव का है, जिस पर 5 लाख रुपये का इनाम था और उसके खिलाफ 14 आपराधिक मामले दर्ज थे। उसने सरेंडर के समय दो एके-47 राइफल, तीन अन्य राइफलें और 1241 कारतूस पुलिस को सौंपे।
अन्य इनामी नक्सली भी सरेंडर
सब-जोनल कमांडर अखिलेश रविंद्र यादव (इनाम ₹5 लाख, 10 मामले दर्ज) ने एक एके-47 और 256 कारतूस के साथ आत्मसमर्पण किया। सब-जोनल कमांडर बलदेव गंझू (इनाम ₹5 लाख, 9 मामले दर्ज), मुकेश राम यादव (इनाम ₹5 लाख, 21 मामले दर्ज) ,पवन उर्फ राम प्रसाद (इनाम ₹3 लाख, 3 मामले दर्ज, एक राइफल बरामद)।
एरिया कमांडर भी आए सामने
इसके अलावा एरिया कमांडर ध्रुव (3 मामले दर्ज, एक राइफल), विजय यादव (2 मामले दर्ज, एक राइफल), श्रवण सिंह (2 मामले दर्ज, एके-47 और एक राइफल, 131 राउंड कारतूस) और मुकेश गंझू (2 मामले दर्ज, एके-47, एक राइफल, 154 राउंड कारतूस) ने भी आत्मसमर्पण किया।
पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह आत्मसमर्पण नक्सल प्रभावित इलाकों में शांति बहाल करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। सरकार नक्सलियों को मुख्यधारा में लाने के लिए पुनर्वास योजनाएं चला रही है। अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई से संगठन की कमर टूटेगी और ग्रामीण इलाकों में विकास की रफ्तार तेज होगी।

